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NASA

  • NASA (नासा)
नासा की फुल फॉर्म National Aeronautics and Space  Administration है।
नासा का गठन19 जुलाई 1948, मैं इनके पूर्व अधिकारी संस्था National Advisory Committee for Aeronautics (NACA) के स्थान पर किया है ।1 अक्टूबर 1948 से कार्य करना प्रारंभ किया।
जब से अब तक अमेरिका के सारे कार्यक्रम नासा (NASA) के द्वारा ही संचालित किए जाते हैं।
  • जैसे अपोलो, पायोनियर 10 व 11, और WMAP आदि है।
  • नासा अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन को समर्थन दे रहा है ।चांद पर फिर से मानव को भेजने के लिए और टीम इस कार्यक्रम चला रहा है।

  • नासा(NASA) का अधिकार क्षेत्र अमेरिका(America)है।
  • नासा(NASA) का मुख्यालय headquater वाशिंगटन डी सी में उपस्थित है।
  • यहां पर कार्य करने वाले कर्मचारियों की संख्या लगभग 19,000 है।
  • नासा की स्थापना 29 जुलाई 1958 आज से लगभग 61 वर्ष पहले हुई थी।
  • पायोनियर 10 व पायोनियर 11
पायोनियर 10 को 1972 ईस्वी में पायोनियर 11 को  1973 ईस्वी में लॉन्च किया गया । यह सौरमंडल के सबसे फोटोजेनिक गैस बृहस्पति और शनि की यात्रा करने वाले पहले अंतरिक्ष यान थे।
पायोनियर 10 ने ही बृहस्पति और मंगल ग्रह के बीच पाई जाने वाली क्षुद्र बेल्ट की भी पहली जांच की थी। अंतरिक्ष यान ने बृहस्पति ग्रह का पहला फ्लाईबाई बनाया इसने ग्रेट रेड स्पॉट की नजदीकी से तस्वीरें भी ली थी।
पायोनियर 10 के लगभग एक साल बाद का पायोनियर11ने बृहस्पति से उड़ान भरी और यह शनि ग्रह पर चला गया। जहां इस ने इस ग्रह के चारों ओर से अज्ञात चंद्रमुखी एक अनोखी खोज की।
हालांकि पायोनियर 10 व पायोनियर 11ने अब डाटा भेजना बंद कर दिया है। अब यह अंतरिक्ष में यात्रा कर रहे हैं।
  • WMAP

सन् 2001 में नासा ने WMAP (wikinson Microware Anisotropy) को लॉन्च किया हालांकि यह ज्यादा प्रसिद्ध नहीं है लेकिन यह अभूतपूर्व सटीकता के साथ बिग बैंग से छोड़े गए विकिरण के तापमान को मापता है।
WMAP के डाटा ने ब्रह्मांड की उम्र के लिए अधिक सटीक अनुमान लगभग 13.7 बिलियनवर्ष बताए हैं यह भी बताया गया है कि ब्रह्मांड का लगभग 95% हिस्सा डार्क मैटर और डार्क एनर्जी नामक खराब चीजों से बना है 
  • अपोलो (Appolo)
  • सन् 1969 में अमेरिका के कनाडा स्पेस सेंटर में 8:32 बजे लांच किया गया था।20 जुलाई 2019 को नील आर्मस्ट्रांग एडमिन एयरटेल को चंद्रमा पर पहुंचे हुए 50 साल पूरे हो गए थे।
  •  अपोलो 11 को  लगभग 50 वर्ष पहले अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा(NASA) ने अपोलो-11 मिशन के तहत पहली बार चंद्रमा पर किसी इंसान को भेजा था। इस मिशन के साथ ही नील आर्मस्ट्रांग चंद्रमा पर पहुंचने वाले पहले व्यक्ति बने थे। आर्मस्ट्रांग के कुछ मिनट बाद एडविन 'बज' एल्ड्रिन ने चंद्रमा की धरती पर कदम रखा था। तीसरे अंतरिक्ष यात्री माइकल कॉलिंस ने ऑरबिट पायलट की जिम्मेदारी संभाली थी।
  • NASA (National Aeronautics and space Administration)
2006 मैं नासा का लक्ष्य वाक्य:-भविष्यय में अंतरिक्ष्ष अन्वेषण, वैज्ञानिक खोज और एयरोनॉटिक्स संशोधन को बढ़ाना है।
  • 14 सितंबर 2011 में नासा ने घोषणा की उन्होंने एक स्पेस लोन सिस्टम के डिजाइन का चुनाव किया है जिसके चलते संस्था के अंतरिक्ष यात्री अंतरिक्ष में और दूर तक सफर करने मैं सक्षम हो सकें। 
  


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